उत्तराखंडक्राइमदेश-विदेशबड़ी खबरयूथ कार्नरसामाजिकस्वास्थ्य

अंकिता की डीएनए रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं, जल्द दाखिल हो सकती है चार्जशीट

देहरादून। अंकिता की डीएनए रिपोर्ट एसआईटी को मिल गयी है। डीएनए रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। एसआईटी अब घटनाक्रम वाले दिन आरोपियों की फोन पर किस-किसके वार्ता हुई, इसके बारे में पता लगा रही है। एसआईटी का कहना है कि चार्जशीट एक हफ्ते के अंदर दाखिल हो सकती है।

मामले की जांच कर रही एसआईटी को संदेह था कि आरोपियों ने दुष्कर्म के बाद अंकिता की हत्या की और शव चीला नहर में फेंक दिया। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई थी। ऐसे में मामले की जांच के लिए एसआईटी की तरफ से स्वैब टेस्ट जांच के लिए एफएसएल भेजा गया था। फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला एक सरकारी एजेंसी होती है, जिसका काम आपराधिक मामलों की जांच करना होता है।

सैंपल जांच के लिए भेजे गये थे चंडीगढ़
अंकिता की हत्या मामले में एसआईटी की तरफ से कई सैंपल जांच के लिए विधि प्रयोगशाला देहरादून और केंद्रीय विधि प्रयोगशाला चंडीगढ़ भेजे गये थे, जिनमें से पांच सैंपलों की रिपोर्ट न्यायिक मजिस्ट्रेट (प्रथम श्रेणी) कोर्टद्वार कोर्ट पहुंच चुकी है। एसआईटी व्हाट्सेप चैट, वास काल व वीडियो काल की जांच कर रही है। इसके अलावा टीम ने रिजार्ट के आसपास के एक हजार से अधिक मोबाइल नंबर निकाले हैं, जिनकी छानबीन की जा रही है। कई संदिग्ध नंबर भी मिले हैं, जिनके बयान दर्ज कर जांच की जा रही है।

इलेक्ट्रानिक साक्ष्य अहम होंगे
अंकिता की हत्या मामले में इलेक्ट्रानिक साक्ष्य काफी अहम भूमका निभायेंगे, क्योंकि घटना के बाद युवती के दोस्त और वनंतरा रिजार्ट के मालिक के बीच बातचीत का आडियो भी वायरल हुआ था। इसमें युवती ने स्पेशल सर्विस का जिक्र भी किया था। चैटिंग के बाद ही एसआईटी ने इस केस में यौन उत्पीड़न और अनैतिक देह व्यापार निवारण अधिनियम एक्ट की धाराएं बढ़ाई थीं।

ताजा और तेज खबरों के लिए देखते रहिये https://sarthakpahal.com/

Related Articles

Back to top button