
गोपेश्वर (चमोली), 19 फरवरी। हिंदू संगठनों के विरोध के बाद ज्योतिर्मठ नगर पालिका परिषद के सभागार में नमाज पढ़ने पर रोक लगा दी है। पालिका प्रशासन ने सभागार पर ताला जड़ दिया है। जिलाधिकारी ने इस पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दे दिये हैं।
दरअसल में सोशल मीडिया में एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें कुछ लोग सरकारी भवन के अंदर नमाज अदा करते नजर आए। वीडियो वायरल होने और हिंदू संगठनों के भारी विरोध के बीच प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की। एसडीएम और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर नमाज पढ़ने प रोक लगा दी और हाल में ताला जड़ दिया। बताया जा रहा है कि नगर पालिका अध्यक्ष देवेश्वरी शाह ने नमाज के लिए मौखिक अनुमति दी थी, जिसकी अब जांच की जा रही है। जिलाधिकारी ने इस पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिये हैं।
जिलाधिकारी गौरव कुमार ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। यह सभागार पालिका ने खेल विभाग को टेनिस खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देने के लिए दिया हुआ है।
इस पूरे प्रकरण के लिए पालिकाध्यक्ष देवेश्वरी शाह कठघरे में
बुधवार शाम इस सभागार में नामज पढ़ने का वीडियो इंटरनेट पर प्रसारित होने के बाद मामला सामने आया। बताया गया कि वर्ष 2023 में जोशीमठ में आई आपदा के दौरान इस स्थल पर नमाज पढ़ने की अस्थायी अनुमति दी गई थी, लेकिन इसके बाद से अब तक यहां नमाज पढ़ी जा रही है। सार्वजनिक स्थल पर नमाज पढ़ने की अनुमति देने को लेकर पालिकाध्यक्ष देवेश्वरी शाह कठघरे में हैं। नियमत: अध्यक्ष अपने स्तर पर ऐसा कोई निर्णय नहीं ले सकते हैं। गुरुवार से ही यह मामला चर्चाओं में है।
जिलाधिकारी ने दिये जांच के आदेश
डीएम गौरव कुमार ने इस पर एसडीएम से रिपोर्ट तलब की है, डीएम के अनुसार विश्व हिंदू परिषद और कुछ अन्य संगठनों ने इस संबंध में शिकायत की है। इस बीच कुछ देर पहले नगरपालिका प्रशासन ने सभागार पर ताला लगा दिया है। प्रशासन ने शांति बनाये रखने के लिए दोनों पक्षों के साथ बैठक की है और स्पष्ट किया है कि किसी भी सार्वजनिक स्थान या सरकारी भवन में बिना अनुमति के धार्मिक गतिविधियां नहीं की जा सकेंगी।
हालांकि, पालिका का कोई अधिकारी पुष्टि नहीं कर रहा है। वहीं, पुलसि अधीक्षक के अनुसार कानून व्यवस्था की दृष्टि से पूरी स्थिति पर नजर रखी जा रही है।



