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देश के लिए कांस्य पदक जीतकर लौटी उन्नति शर्मा का देहरादून पहुंंचने पर भव्य स्वागत

देहरादून, 5 अगस्त, 26. स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में जूडो की 63 किलोग्राम भार वर्ग स्पर्धा में भारत के लिए कांस्य पदक जीतने वाली उन्नति शर्मा देहरादून पहुंची। यहां डिफेंस कॉलोनी स्थित डीएवी पब्लिक स्कूल में गर्मजोशी से उनका स्वागत किया गया। बुधवार को उनका भव्य स्वागत किया गया। उन्नति के स्वागत में विभिन्न खेलों के पदाधिकारी, खेल प्रेमी और सामाजिक संगठन की भीड़ उमड़ी।

डीएवी पब्लिक स्कूल में किया गया स्वाागत
विद्यालय परिवार ने उनका सम्मान कर इस उपलब्धि पर बधाई दी। इस अवसर पर शिक्षकों और विद्यार्थियों ने तालियों की गड़गड़ाहट के बीच उनका अभिनंदन किया। उन्नति की मेहनत, अनुशासन और खेल भावना की सराहना की गई। विद्यार्थियों से कहा गया कि वे उनकी सफलता से प्रेरणा लेकर खेलों में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करने का लक्ष्य रखें। विद्यालय प्रबंधन ने विश्वास जताया कि उन्नति भविष्य में भी देश के लिए इसी तरह पदक जीतकर भारत का नाम रोशन करेंगी। उनके स्कूल कोच पुनेश सिंह ने बताया कि उन्नति ने 11 वर्ष की आयु से जुडो खेलना शुरू कर दिया था। उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण और अंतरराष्ट्रीय स्तर के एशियन गेम में रजत और कांस्य पदक नाम किये।
उन्नति के पिता 12 गढ़वाल से सेवानिवृत्त हैं। उनकी माता ममता शर्मा गृहणी हैं। उन्नति की एक बड़ी बहन और एक भाई है। उन्नति के स्वागत में रिस्पना में उत्तराखंड राज्य स्तरीय खेल परिषद के अध्यक्ष कुलदीप बुटोला, सहायक निदेशक खेल संजीव पौरी, जिला खेल अधिकारी शभाली गुरुंग भी पहुंचे।
शानदार प्रदर्शन से जीता मेडल
ग्लास्गो कॉमनवेल्थ गेम्स में उन्नति शर्मा ने दमदार प्रदर्शन रहा है. सेमीफाइनल मुकाबले में उनका सामना ऑस्ट्रेलिया की साया मिडलटन से हुआ. यह मुकाबला बेहद चुनौतीपूर्ण रहा, जिसमें उन्नति को इप्पोन के आधार पर हार का सामना करना पड़ा. हालांकि सेमीफाइनल में हार के बाद भी उन्होंने अपना आत्मविश्वास नहीं खोया. कांस्य पदक के मुकाबले में उन्होंने शानदार वापसी करते हुए जीत दर्ज की और भारत के लिए पदक सुनिश्चित किया. उन्नति शर्मा ने दक्षिण अफ्रीका की स्काई नोएस्टर को इप्पोन के जरिए हराकर कांस्य पदक जीत लिया.उन्नति शर्मा ने महज एक मिनट सात सेकेंड में खत्म कर दिया. वहीं कठिन परिस्थितियों में वापसी कर पदक जीतने की उनकी क्षमता ने सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है.

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