उत्तराखंडक्राइमदेश-विदेशबड़ी खबरशिक्षासामाजिक

भर्ती में फर्जीवाड़ा के लिए मशहूर एम्स ऋषिकेश में अब वायरमैन पद पर नियुक्ति को लेकर धांधली, एक गिरफ्तार

ऋषिकेश, 18 अक्टूबर, 26. अक्सर भर्ती फर्जीवाड़े को लेकर सुर्खियों में रहने वाला अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) ऋषिकेश एक बार फिर चर्चाओं में है। एम्स भर्ती में भर्ती प्रक्रिया में अभिलेख सत्यापन के दौरान परीक्षा देने वाले और नियुक्ति पाने वाले व्यक्ति की पहचान में विसंगति पकड़े जाने पर नया नियुक्ति फर्जीवाड़ा सामने आया है।

पुलिस ने एम्स प्रशासन की शिकायत पर आरोपित दोनों व्यक्तियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। एक आरोपित को गिरफ्तार किया है, जबकि दूसरे की खोजबीन जारी है। मामले में ऋषिकेश पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर एक नामजद अभियुक्त अशोक कुमार मीणा को गिरफ्तार कर लिया है. वहीं, मामले में वांछित दूसरे अभियुक्त विकास कुमार मीणा की तलाश की जा रही है।

बीते शनिवार को एम्स ऋषिकेश की सीआरई-3 भर्ती में प्रक्रिया के अंतर्गत अभ्यर्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन किया जा रहा था। इस दौरान वायरमैन पद के लिए उपस्थित अभ्यर्थी विकास कुमार मीणा की पहचान को लेकर संदेह हुआ। उपलब्ध मूल अभिलेखों एवं पहचान-पत्रों का मिलान करने पर प्रथमदृष्टया परीक्षा में सम्मिलित होने वाले अभ्यर्थी व एम्स ऋषिकेश में नियुक्त होकर कार्यभार ग्रहण करने वाले व्यक्ति की पहचान में अंतर प्रतीत हुआ।
यशपाल सिंह बिष्ट, प्रभारी निरीक्षक, ऋषिकेश कोतवाली

दोनों व्यक्तियों के पहचान-पत्रों पर अंकित विवरण समान होने के बावजूद उनके फोटोग्राफ में अंतर पाया गया। इस पर एम्स ऋषिकेश के सहायक प्रशासनिक अधिकारी विक्रम सिंह ने एम्स पुलिस चौकी में लिखित शिकायत दी। एससपी देहरादून, एसपी ग्रामीण व सीओ ऋषिकेश के निर्देश पर ऋषिकेश पुलिस ने तुरंत गहन जांच की और प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।

पूछताछ के बाद अशोक कुमार मीणा गिरफ्तार
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक ग्रामीण और क्षेत्राधिकारी ऋषिकेश के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक कोतवाली ऋषिकेश ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गठित की. विवेचना के दौरान उपलब्ध अभिलेखों और तथ्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने नामजद अभियुक्त अशोक कुमार मीणा (40 वर्ष), पुत्र रामकरण मीणा, निवासी ग्राम चौरवाड़ा, पोस्ट टोडा भाटा, थाना बस्सी, जनपद जयपुर, राजस्थान को पूछताछ के बाद 18 अक्टूबर को गिरफ्तार किया. गिरफ्तारी के बाद उसे आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर न्यायालय में पेश किया गया. जहां से न्यायालय के आदेश पर उसे जिला कारागार देहरादून भेज दिया गया.

Related Articles

Back to top button