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बीजेपी नेता की पत्नी की हत्या के बाद ग्रामीणों ने पुलिस टीम को बंधक बनाया, बवाल

देहरादून। बीजेपी नेता की पत्नी की हत्या के बाद काशीपुर में ग्रामीणं ने पुलिस की टीम को बंधक बना लिया। महिला की मौत के पूरे क्षेत्र में तनाव व्याप्त है। दरअसल 50 हजार का इनामी खनन माफिया की तलाश में कुंडा के ग्राम भरतपुर में दबिश देने आई यूपी के ठाकुरद्वारा (मुरादाबाद) की पुलिस और एसओजी टीम की ग्रामीणों से भिड़ंत हो गयी। इस दौरान दोनों तरफ से हुई फायरिंग में जसपुर के भाजपा के ज्येष्ट प्रमुख गुरताज सिंह भुल्लर की पत्नी गुरजीत कौर की मौत हो गयी। घायल दो पुलिस कर्मियों की हालत गंभीर है।

सीएम योगी ने खनन सिंडिकेट के खिलाफ दिये थे सख्त निर्देश
एसडीएम ठाकुरद्वारा परमानंद सिंह और खनन इंसपेक्टर अशोक कुमार की टीम ने बीती 13 सितंबर को ठाकुरद्वारा रोड पर तिकोनिया के पास चेकिंग में खनिज लदे पांच डंपर पकड़े थे। खनन माफियाओं ने एसडीएम और खनन इ‍ंस्पेक्टर पर हमला कर चार डंपर छुड़ा लिये। खनन इंस्पेक्टर की तहरीर पर अब तक पांच नामजद समेत 150 के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। पुलिस अब तक 17 लोगों को गिरफ्तार भी कर चुकी है। खुद सीएम योगी आदित्यनाथ ने खनन सिंडिकेट के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिये थे। 19 आरोपियों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया गया था। इनमें से चार पकड़े जा चुके हैं।

ग्रामीणों ने पुलिस टीम को बनाया बंधक

बीजेपी नेता
मुरादाबाद के डीआईजी के अनुसार ग्रामीणों ने पुलिस टीम को बंधक बना लिया और फायरिंग भी की। गोली लगने से दो और संघर्ष में चार पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। जबकि ग्रामीणों के अनुसार पुलिस की ओर से की गई फायरिंग में ड्यूटी कर घर लौट रही गुरजीत कौर (28) पत्नी गुरताज सिंह को गोली लग गयी। सूचना पर एसओ कुंडा दिनेश सिंह फर्त्याल पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। महिला की मौत की भनक लगते ही यूपी पुलिस के अधिकारी घायल पुलिस कर्मियों को अपने साथ ले गये।

गुस्साएं लोगों ने किया हाईवे जाम


घटना के गुस्साये लोगों ने राष्ट्रीय राजमार्ग जाम कर कर दिया। गोली कांड में निर्दोष महिला की मौत के बाद लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों ने आरोपियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर उनकी तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर हाईवे को पूरी तरह से बाधित कर दिया। https://sarthakpahal.com/

यूपी पुलिस और उत्तराखंड पुलिस आमने-सामने
डीआईजी नीलेश आनंद (कानून व्यवस्था) ने कहा कि बिना बताए मुरादाबाद पुलिस ने फायरिंग की है। हम इसकी जांच कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर यूपी पुलिस ने स्थानीय पुलिस को सूचित किया होता, तो वे इलाके से वाकिफ होने के कारण उनकी मदद कर सकते थे। यूपी पुलिस के घायल अधिकारी हमें बताए बिना मुरादाबाद अस्पताल चले गये।

यूपी पुलिस की मुश्किलें बढ़ीं
ऊधमसिंहनगर एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने कहा कि मौके से कोई प्राइवेट असलहे का खोखा या कारतूस बरामद नहीं हुआ है। सिर्फ सरकारी असलहे से गोली चलने के निशान मिले हैं।

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