विधानसभा में भर्ती को लेकर भाजपा नेताओं में भूचाल, प्रेमचंद दिल्ली तलब

देहरादून। विधानसभा में भर्ती को लेकर भाजपा नेताओं में एक-दूसरे के ऊपर आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। भाजपा के बड़े नेता भले ही अप्रत्यक्ष रूप से इस मामले से अपना पल्ला झाड़ लें, लेकिन विधानसभा में भाजपा के हर बड़े नेता के चहेते भर्ती हैं, चाहे वह वर्तमान में मुख्यमंत्री ही क्यों न हो। इसकी उच्च स्तरीय जांच के लिए अब मुख्यमंत्री ने विधानसभा अध्यक्ष ऋतु भूषण खंडूड़ी को पत्र लिखकर मामले की नियुक्तियों में अनियमितता पाए जाने पर उन्हें रद्द करने को कहा है।
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल दिल्ली तलब
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल को दिल्ली पेशी पर बुलाया गया है। उन पर अपने चहेतो को विधानसभा में लगाने का आरोप है। हालांकि उनका साफ कहना है कि जो भी हुआ है वह नियमानुसार हुआ है। अपने बेटे को नियुक्ति देने के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह नियुक्ति नियमानुसार हुई है, इसमें उनकी कोई भूमिका नहीं है। इस संबंध में पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत का कहना है कि प्रेमचंद अग्रवाल के समय नियुक्तियां हालांकि नियम विरुद्ध नहीं हुई हैं, लेकिन इससे जनता में गलत संदेश गया है।
जनता के माफी मांगने को तैयार हैं कुंजवाल
उधर एक पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और कांग्रेस के नेता गोविंद सिंह कुंजवाल ने भी अपने कार्यकाल में हुई नियुक्तियों को नियमानुसार करार दिया है। हालांकि उन्होंने अपने बेटे और बहू को नौकरी देने की बात स्वीकारी है। उनका कहना है कि इसके लिए वह जनता से माफी मांगने को तैयार हैं। https://sarthakpahal.com/
जनता से विश्वासघात करने वालों को कांग्रेस कभी माफ नहीं करेगी : करण माहरा
विधानसभा में हुई बैकडोर भर्तियों के बारे में कांग्रेस के करण माहरा ने कहा कि राज्य के आंदोलनकारियों ने अपनी जान की बाजी इसलिए नहीं लगाई थी कि यहां के नेता और मंत्री अपने करीबियों को नौकरी रेवड़ी की तरह बांटे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ऐसे किसी भी व्यक्ति का समर्थन नहीं करेगी, जिसने जनता के भरोसे से विश्वासघात किया हो।
उत्तराखंड कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव का कहना है कि हम सब राहुल गांधी के नेतृत्व में बेरोजगारी और महंगाई की एक निर्णायक लड़ाई के लिए तैयार हैं। सत्ता में बैठे कुछ लोग भ्रष्टाचार में लिप्त होकर पढ़े-लिखे युवाओं के साथ धोखा कर अपने रिश्तेदारों को नौकरियां बांटने का काम कर रहे हैं।