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कसाई आफताब ने हालीवुड वेब सीरीज से सीखा था शव को ठिकाने लगाने का तरीका

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नई दिल्ली। काल सेंटर में काम करने से पहले कसाई आफताब एक फाइव स्टार होटल में शेफ का काम करता था और मांंस आदि काटा करता था। उसने इसी काम के दौरान हासिल अपने अनुभव का इस्तेमाल शव के टुकड़े करने में किया था।

आफताब ने बताया कि 18 मई की रात शादी को लेकर दोनों में बहुत विवाद हुआ था। इस दौरान श्रद्धा ने उसे थप्पड़ मार दिया था। इससे नाराज आफताब ने श्रद्धा का गला दबा दिया। जब उसे अपनी गलती का एहसास हुआ तब तक बहुत देर हो चुकी थी। श्रद्धा की नब्ज थमने पर उसे मालूम हुआ कि वह मर चुकी है। फिर पकड़े जाने के डर से उसने शव को ठिकाने लगाने के बारे में सोचा।

हालीवुड वेब सीरीज ‘डेक्स्टर’ से सीखा शव ठिकाने का तरीका
दिल्ली में महरौली में श्रद्धा मर्डर केस में अब नये-नये खुलासे हो रहे हैं। आफताब ने हालीवुड वेब सीरीज डेक्स्टर में सीरियल किलर से शव ठिकाने का तरीका सीखा। इस सीरीज में शव के टुकड़ों को अलग-अलग स्थानों में फेंकते हुए दिखाया गया है। वह 19 मई को स्थानीय बाजार से आरी और तीन सौ लीटर का फ्रिज खरीद कर लाया। शव पर बदबू न आए इसके लिए वह रूम फ्रेशनर और अगरबत्ती का इस्तेमाल करता था। पुलिस के अनुसार आफताब तेज दिमाग वाला है, इसीलिए वह पूछताछ में अंग्रेजी का इस्तेमाल कर रहा था। कातिल को हत्या करने के बाद सबूत मिटाने का काफी समय मिल गया था। उसने खून के धब्बों को केमिकल से कई बार साफ कर दिया था। फारेंसिक टीम ने फ्रिज की भी पड़तााल की, जहां उन्हें खून के कोई नामोनिशान नहींं मिले।

श्रद्धा का सोशल मीडिया एकाउंट हैंडल कर रहा था आफताब
अब तक जांच में ये भी सामने आया है कि आरोपी आफताब गर्लफ्रैंड की बेरहमी से हत्या करने के कई दिनों बाद तक श्रद्धा का सोशल मीडिया अकाउंट चलाता रहा, ताकि किसी को श्रद्धा की मौत की भनक तक न लगे। पुलिस के अनुसार पहले वे पहाड़गंज के होटल में रुके, इसके बाद साउथ दिल्ली के सैदुल्लाजाब इलाके में ठहरे और फिर छतरपुर में एक प्लैट में रहने लगे।

बचपन के दोस्त के जरिये हुआ हत्या का पर्दाफाश
श्रद्धा के बचपन के दोस्त लक्ष्मण नाडर की चिंता ने ही श्रद्धा हत्याकांड का पर्दाफाश कराया। परिवार से तो दिल्ली आने के बाद श्रद्धा ने बातचीत करनी बंद कर दी थी। मगर वह अपने बचपन के दोस्त लक्ष्मण से संपर्क में थी। उसने आफताब के व्यवहार के बारे में लक्ष्मण को भी बताया था, मगर बाद में उसने लक्ष्मण के मैसेज का जवाब देना बंद कर दिया था। जब कई दिनों तक लक्ष्मण का संपर्क श्रद्धा से नहीं हुआ तो उसे लगा कि कहीं कुछ गलत तो नहीं हुआ। फिर उसने श्रद्धा के पिता को बताया कि श्रद्धा का संपर्क नहीं हो पा रहा है और उसका फोन भी बंद आ रहा है। इसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा और श्रद्धा की बेरहमी से हत्या किये जाने का मामले का खुलासा हुआ। https://sarthakpahal.com/

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