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सॉफ्टवेयर की तकनीकी खराबी के कारण चारधाम यात्रा के लिये बनने वाले ग्रीन कार्ड लटके

रुड़की, 26 मार्च। चारधाम यात्रा की तैयारियों के बीच परिवहन विभाग के ग्रीन कार्ड का काम अटक गया है। जानकारी के मुताबिक तकनीकी खामी के कारण सॉफ्टवेयर ठप हो चुका है। यात्रियों की जानकारियों को भरने के बाद भी ऑनलाइन आवेदन नहीं हो पा रहे हैं। ग्रीन कार्ड प्रक्रिया में देरी होने से विभाग की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े हो गए हैं।

23 मार्च से ग्रीन कार्ड बनाने के दिये गये थे निर्देश
23 मार्च से ग्रीन कार्ड बनाने के निर्देश जारी किए गए थे लेकिन जमीनी स्तर पर अब तक कोई ठोस इंतजाम नजर नहीं आ रहे हैं। आरटीओ कार्यालय और नारसन बॉर्डर दोनों जगहों पर व्यवस्थाओं की कमी है। चारधाम यात्रा के दौरान वाहनों की फिटनेस और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ग्रीन कार्ड अनिवार्य किया जाता है।

इसके लिए समय पर प्रक्रिया शुरू करना बेहद जरूरी होता है ताकि यात्रा के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था न हो। इस बार यात्रा के शुरू में कार्ड जारी होने के सॉफ्टवेयर की तकनीकी खामी आने की बातें सामने आई हैं। वाहन मालिकों का कहना है कि उन्हें ग्रीन कार्ड बनवाने के लिए अभी और इंतजार करना होगा।

व्यवस्था नहीं सुधरी तो यात्रा के दौरान होगी भारी दिक्कतें
बॉर्डर और कार्यालय में अभी कोई काम शुरू नहीं हो पाए हैं। वहीं नारसन बॉर्डर पर भी चेकिंग और ग्रीन कार्ड जारी करने के लिए कोई ठोस व्यवस्था दिखाई नहीं दे रही। इससे न केवल स्थानीय वाहन संचालक बल्कि बाहर से आने वाले तीर्थयात्री भी असमंजस की स्थिति में हैं। स्थानीय वाहन चालक राजेश कुमार ने कहा कि हर साल ग्रीन कार्ड बनवाने की प्रक्रिया पहले ही शुरू हो जाती है लेकिन इस बार कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है। समय रहते व्यवस्था नहीं सुधरी तो यात्रा के दौरान भारी दिक्कतें होगी।

ग्रीन कार्ड बनाने की प्रक्रिया के लिए विभाग गंभीर है। कुछ तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से शुरुआत में देरी हुई है। परिवहन मंत्री के साथ भी बुधवार को मीटिंग की गई है। आरटीओ कार्यालय और नारसन बॉर्डर पर अतिरिक्त स्टाफ और संसाधन तैनात किए जाएंगे ताकि वाहन मालिकों को किसी तरह की परेशानी न हो। चारधाम यात्रा शुरू होने से पहले सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली जाएंगी और ग्रीन कार्ड बनाने की प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित किया जाएगा।
-संदीप सैनी, एआरटीओ (प्रवर्तन), देहरादून

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