
देहरादून, 1 मार्च। उत्तराखंड में चारधाम यात्रा की तैयारियों के बीच GMVN (गढ़वाल मंडल विकास निगम) यात्रा को लेकर खासा उत्साहित है. दरअसल इसकी वजह यात्रा से पहले यात्रियों का बड़ी संख्या में बुकिंग करवाना है. जिसके कारण आने वाले दिनों में भी गढ़वाल मंडल विकास निगम आगामी यात्रा सीजन को राजस्व के लिहाज से बेहतरीन मान रहा है. यात्रा आरंभ होने में अभी करीब दो महीने का समय बाकी है, लेकिन निगम के होटलों और गेस्ट हाउसों में अब तक करीब ढाई करोड़ रुपये की अग्रिम बुकिंग हो चुकी है. यह आंकड़ा न केवल यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं के उत्साह को दर्शाता है, बल्कि GMVN के लिए भी आने वाले सीजन को राजस्व के लिहाज से बेहद उम्मीदों भरा बना रहा है.
चारधाम यात्रा लगभग 6-7 महीने चलती है
उत्तराखंड की चारधाम यात्रा में प्रमुख रूप से केदारनाथ मंदिर, बदरीनाथ मंदिर, गंगोत्री मंदिर और यमुनोत्री मंदिर के दर्शन शामिल हैं. हर वर्ष देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु इन धामों में दर्शन के लिए पहुंचते हैं. यह यात्रा लगभग छह से सात महीने तक चलती है. राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है. यात्रा का सीधा असर स्थानीय व्यापार, होटल व्यवसाय, परिवहन, रेस्टोरेंट और छोटे कारोबारियों पर पड़ता है. ऐसे में चारधाम यात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्रों की आर्थिक जीवनरेखा भी है.
GMVN की तैयारियां तेज
चारधाम यात्रा को देखते हुए गढ़वाल मंडल विकास निगम ने 16 फरवरी से ही अपने होटलों और रेस्ट हाउसों की ऑनलाइन और ऑफलाइन बुकिंग शुरू कर दी थी. यात्रा शुरू होने से पहले ही जिस तेजी से बुकिंग आई है, उसने निगम प्रबंधन को उत्साहित कर दिया है. GMVN के अधीन उत्तरकाशी, चमोली और रुद्रप्रयाग जिलों में मुख्य मार्गों और प्रमुख पड़ावों पर कई होटल, टूरिस्ट रेस्ट हाउस और रिजॉर्ट संचालित होते हैं. इन स्थानों पर यात्रियों को ठहरने, भोजन और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं.
19 अप्रैल से होनी से चारधाम यात्रा की शुरुआत
चारधाम यात्रा की शुरुआत 19 अप्रैल से प्रस्तावित है. इसे देखते हुए राज्य सरकार और जिला प्रशासन तैयारियों में जुटे हैं. ट्रैफिक मैनेजमेंट, स्वास्थ्य सुविधाएं, आपदा प्रबंधन, पार्किंग व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण जैसे विषयों पर विशेष कार्ययोजना तैयार की जा रही है. गढ़वाल मंडल के उत्तरकाशी, चमोली और रुद्रप्रयाग जिलों में प्रशासनिक टीमें पूर्व निर्धारित कार्यों को अंतिम रूप देने में लगी हैं. यात्रा मार्गों की मरम्मत, सुरक्षा इंतजाम और यात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता दी जा रही है. जिससे यात्रा सुचारू और सुरक्षित रूप से संपन्न हो सके.
श्रद्धालुओं में उत्साह
यात्रा शुरू होने से पहले ही बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं द्वारा बुकिंग कराना इस बात का संकेत है कि लोगों में चारधाम यात्रा को लेकर जबरदस्त आस्था और उत्साह है. देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ विदेशों से भी श्रद्धालु यात्रा की योजना बना रहे हैं.



