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अलविदा जनरल खंडूड़ी: देवभूमि ने नम आंखों से दी अपने जांबाज सैन्य सपूत को विदाई

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देहरादून, 20 मई। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री बीसी खंडूड़ी ने इस दुनिया को अलविदा कह दिया। उनके निधन की खबर ने पूरे प्रदेश को भावुक कर दिया। देहरादून स्थित आवास से निकली अंतिम यात्रा में लोगों की आंखें नम दिखीं। भाजपा प्रदेश कार्यालय में नेताओं, कार्यकर्ताओं और आम लोगों ने उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पार्थिव शरीर को कंधा देकर विदाई दी, जबकि उपराष्ट्रपति सहित कई दिग्गज नेताओं ने पुष्प चक्र अर्पित कर शोक व्यक्त किया।

वसंत विहार स्थित निजी आवास से सुबह 10 बजे स्व. खंडूड़ी की अंतिम यात्रा का प्रस्थान हुआ। सुबह 10:30 बजे भाजपा प्रदेश कार्यालय में उनके अंतिम दर्शन किए गए। 11 बजे अंत्येष्टि के लिए हरिद्वार प्रस्थान किया। दोपहर 12 बजे खड़खड़ी में अंत्येष्टि हुई। वहीं, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश में तीन दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है।

खंडूड़ी के परिवार में पत्नी अरुणा खंडूड़ी, बेटी ऋतु भूषण खंडूड़ी और बेटा मनीष खंडूड़ी हैं। ऋतु खंडूड़ी इस समय उत्तराखंड की ही विधानसभा अध्यक्ष हैं। बेटे मनीष भी वर्तमान में भाजपा नेता हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बलवीर रोड, देहरादून स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी (सेवानिवृत्त) के पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित कर उन्हें नम आंखों से विदाई दी। मुख्यमंत्री ने पार्थिव शरीर को कंधा देकर अंतिम विदाई दी।

राजकीय सम्मान के साथ पूर्व सीएम खंडूड़ी का अंतिम संस्कार

पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत भुवन चंद्र खंडूड़ी का अंतिम संस्कार हरिद्वार के श्मशान घाट पर हुआ. राजकीय और सैन्य सम्मान के साथ दिवंगत नेता को अंतिम श्रद्धांजलि दी गई. इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल, पूर्व सीएम भगत सिंह कोश्यारी, सांसद अनिल बलूनी समेत तमाम सांसद, कैबिनेट मंत्री और नेता श्रद्धांजलि देने के लिए पहुंचे.

 

सभी नेताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल (रिटायर्ड) बीसी खंडूड़ी के निधन को अपूरणीय क्षति बताया. बीसी खंडूड़ी के पुत्र मनीष खंडूड़ी ने उनकी चिता को मुखाग्नि दी. मीडिया से अनुभव साझा करते हुए भी तमाम नेताओं ने भुवन चंद्र खंडूड़ी के जीवन को अनुशासन और जन सेवा की मिसाल बताया.

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि, दिवंगत भुवन चंद्र खंडूड़ी का अचानक जाना अपूर्णीय क्षति है. वो हमारे अभिभावक थे, समय समय उनका मार्गदर्शन हमें मिलता रहा है. उनकी कमी को पूरा किया नहीं जा सकता, लेकिन उनके आदर्श हमें हमेशा याद आते रहेंगे.

पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने कहा कि, खंडूड़ी जी सद्चरित, अनुशासन और विकास के उदाहरण थे. आज वो हमारे बीच में नहीं हैं, लेकिन उनके यह काम हमें हमेशा याद आते रहेंगे. उनके द्वारा प्रस्तुत किए गए उदाहरण हमेशा के लिए लाभदायक रहेंगे और काम आते रहेंगे.

सांसद अनिल बलूनी ने कहा कि,खंडूड़ी जी ने देश के देश के विकास में अहम योगदान दिया है. उनके द्वारा बनाए गए सड़कों के जाल आज भी देश के काम आ रहे हैं. वो देश के अंदर स्वर्णिम चतुर्भुज जैसी योजना लेकर आए थे वो, देश के काम आ रहे हैं.

केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि,भुवन चंद खंडूड़ी ने सेना, मुख्यमंत्री और मंत्री जैसे पदों पर रहते हुए देश की सेवा की है. वो सुलझे हुए विचार के तपस्वी व्यक्तित्व वाले नेता थे. आज वो हमारे बीच नहीं रहे, लेकिन उनके कार्यकाल को हमेशा याद किया जाएगा.

उप राष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कुछ तस्वीरों के साथ इसकी जानकारी भी दी है. उन्होंने लिखा, ‘पूर्व केंद्रीय मंत्री और उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री, मेजर जनरल बीसी खंडूरी जी को आज देहरादून में उनके घर पर दिल से श्रद्धांजलि दी. उन्हें एक असाधारण नेता, एक बेहतरीन सैनिक और एक अनुभवी एडमिनिस्ट्रेटर के तौर पर याद किया जाएगा, जिन्होंने अपना जीवन देश और उसके लोगों की सेवा में लगा दिया, जिनका योगदान कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने और भारत के रोड इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने में एक हमेशा रहने वाली विरासत है’.

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