उत्तराखंडक्राइमबड़ी खबर

आशिकी में डूबी पत्नी ने प्रेमी और दोस्त के साथ मिलकर की पति की हत्या

देहरादून। देहरादून के विकासनगर कोतवाली क्षेत्र में आशिकी में डूबी पत्नी ने प्रेमी और दोस्त के साथ मिलकर शातिराना तरीके से पत्नी को मौत के घाट उतार दिया। आरोपी महिला, उसके प्रेमी और दोस्त को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने बताया कि सिर पर हथौड़ा मारकर घटना को अंजाम दिया गया और बाद में बाइक और शव दोनों को खाई में फेंक दिया गया।

गुरुवार को एसएसपी दलीप सिंह कुंवर ने बताया कि गत 13 फरवरी को इंद्रा देवी पत्नी संतराम निवासी ग्राम रताड़, पोस्ट बजऊ कालसी, हाल निवासी धनवंतरी अस्पताल रसूलपुर ने पति की गुमशुदगी दर्ज करवाई। उसने बताया कि उसका पति 12 फरवरी को काम के लिए हरबर्टपुर गया था लेकिन वापस नहीं आया। जिसके बाद कोतवाली विकासनगर पुलिस ने संतराम की तलाश शुरू कर दी।

मोबाइल लोकेशन से खुला मामला
सीडीआर जांच के दौरान पुलिस को एक संदिग्ध नंबर मिला। जांच की गई तो यह नंबर आशीष निवासी वार्ड नंबर-दो, आदर्श विहार हरबर्टपुर के नाम पर पंजीकृत था। इस नंबर की लोकेशन घटनास्थल के आसपास के क्षेत्र में मिली। संदेह के आधार पर पुलिस आशीष कुमार को पूछताछ के लिए कोतवाली ले आई। सख्ती से पूछताछ की तो उसने पूरे मामले का पर्दाफाश कर दिया। बताया कि मुकेश, संतराम की पत्नी इंद्रा देवी का प्रेमी है। आशिकी में डूबी पत्नी ने दोनों के साथ मिलकर पति की हत्या की साजिश रची।

बड़ा ठेका दिलाने के नाम पर बुलाया था संतराम को
पुलिस पूछताछ में मुकेश ने बताया कि वह हरबर्टपुर में कालसी रोड पर मैजिक वाहन चलाता है। पूर्व में वह मैजिक वाहन यूनियन का अध्यक्ष भी रह चुका है। आशीष यूनियन में एजेंट का कार्य करता है। इसलिए दोनों की काफी अच्छी दोस्ती है। घटना के दिन संतराम को आशीष के घर बड़ा ठेका दिलाने के नाम पर बुलाया था।

साथ रहने के लिए हटाया संतराम को रास्ते से
मुकेश ने बताया कि उसकी पहचान इंद्रा देवी से आठ साल पहले हुई थी। इसके बाद वह फोन पर बात करने लगे और आपस में प्यार करने लगे। वह दोनों एक साथ रहना चाहते थे। लेकिन, संतराम के रहते यह संभव नहीं था। इसलिए दोनों ने संतराम को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। इंस्पेक्टर शंकर सिंह ने बताया कि इंद्रा देवी की यह दूसरी शादी थी। पहली शादी से उसे तीन बच्चे हैं जो पहले पति के साथ ही रहते हैं।

Related Articles

Back to top button