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HC के आदेश पर उत्तराखंड के शिक्षकों की जांच, 15 अगस्त से पहले DLEd शिक्षकों पर फैसला

देहरादून, 3 अगस्त. उत्तराखंड में करीब 150 DLEd शिक्षकों के दस्तावेज जांच के दायरे में आ गए हैं. दरअसल हाईकोर्ट ने इन शिक्षकों के दस्तावेज जांचने के निर्देश दिए हैं. जिसके बाद राज्यभर के अधिकारियों को इन शिक्षकों की सूची मुख्यालय को भेजने के लिए कहा गया है. खास बात ये है कि 15 अगस्त से पहले इन शिक्षकों से पूछताछ होनी है, ताकि इनकी सरकारी सेवा को लेकर निर्णय लिया जा सके.

हाईकोर्ट के आदेश पर DLEd शिक्षकों की जांच
राज्य में डीएलएड (Diploma in Elementary Education) करने के बाद सरकारी शिक्षक बनने वाले युवाओं को जांच का सामना करना पड़ेगा. यह वह शिक्षक हैं, जिन्होंने उत्तर प्रदेश से डीएलएड किया है. दरअसल यह सब हाईकोर्ट के निर्देश पर हो रहा है. जिसमें शिक्षा विभाग इन दिनों बड़े स्तर पर होमवर्क में जुटा है. खास बात ये है कि अबतक करीब 150 शिक्षक चिन्हित हो चुके हैं, जिनके दस्तावेजों की जांच की जानी है.

शिक्षा विभाग ने 150 DLEd शिक्षक किए चिन्हित
मामला हाईकोर्ट से जुड़ा है, जिसमें पीआईएल होने के बाद कई सरकारी शिक्षकों पर गलत दस्तावेज बनाकर नौकरी लेने का आरोप लगाया गया था. इसी याचिका के बाद हाईकोर्ट ने शिक्षा विभाग को मामले में जांच के लिए कहा था. बड़ी बात यह है कि जब शिक्षा विभाग ने इस मामले में सभी जिलों से जानकारी ली, तो करीब 150 शिक्षक ऐसे निकले हैं, जिन्होंने उत्तर प्रदेश से डीएलएड कर उत्तराखंड में सरकारी नौकरी पाई है.

2024 से पहले यूपी से DLEd करने का मामला
मामला इस बात को लेकर फंसा है कि उत्तर प्रदेश में साल 2024 से पहले केवल उत्तर प्रदेश के मूल निवासियों को ही डीएलएड करने का अधिकार था. ऐसे में याचिकाकर्ता द्वारा यह कहा गया कि जब उत्तर प्रदेश के मूल निवासी ही 2024 तक डीएलएड कर सकते थे, तो ऐसे अभ्यर्थी उत्तराखंड में सरकारी नौकरी कैसे पा सकते हैं. इसमें कहा गया कि ऐसे अभ्यर्थियों द्वारा उत्तराखंड में गलत तरीके से स्थाई निवास प्रमाण पत्र बनाकर सरकारी नौकरी में नियुक्ति ली गई.

15 अगस्त से पहले शिक्षकों से जवाब लेने की तैयारी
इन्हीं पहलुओं को देखते हुए अब शिक्षा विभाग भी जांच कर रहा है. फिलहाल सभी मुख्य शिक्षा अधिकारियों से इस मामले में रिपोर्ट मांगी गई है और ऐसे शिक्षकों को चिन्हित करने के लिए कहा गया है. अब तक 150 शिक्षक इसमें चिन्हित हो चुके हैं. अब शिक्षा विभाग 15 अगस्त से पहले इन शिक्षकों से जवाब लेने की तैयारी कर रहा है.

यह मामला काफी समय से चल रहा है. हाईकोर्ट के स्तर पर ही इसको लेकर निर्देश दिए गए हैं. जहां तक बात ऐसे शिक्षकों की है, तो राज्य में अब तक 150 शिक्षकों की जानकारी सामने आई है, जिनसे जल्द ही उनका पक्ष जाना जाएगा.
-कुंवर सिंह रावत, निदेशक, प्राथमिक शिक्षा

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