
पिथौरागढ़, 20 अप्रैल। उत्तराखंड के सीमांत जिले पिथौरागढ़ के रहने वाले जवान का निधन हो गया. जवान का नाम दीपक कुमार था. बताया जा रहा है कि जवान दीपक कुमार सियाचिन में तैनात था और वहीं पर दीपक कुमार की तबियत बिगड़ी थी. दीपक कुमार के साथी तुरंत उन्हें सेना के हॉस्पिटल लेकर गए, लेकिन जब उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ तो उन्हें आरआर अस्पताल दिल्ली भेजा गया, लेकिन पूरी कोशिश के बाद भी डॉक्टर दीपक कुमार को नहीं बचा पाए. रविवार को ही दीपक कुमार ने अंतिम सांस ली.
कुमाऊं रेजीमेंट की 7वीं बटालियन में तैनात थे
सेना के अफसरों ने दीपक कुमार के परिजनों ने उनके निधन की खबर दी. दीपक कुमार के निधन की खबर सुनकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. दीपक कुमार मूल रुप से पिथौरागढ़ जिले में अस्कोट क्षेत्र के ओझा मल्ला गांव के रहने वाले थे. दीपक कुमार जेठी पुत्र भवान सिंह भारतीय सेना की सात कुमाऊं रेजीमेंट में तैनात थे.
स्वास्थ्य खराब होने पर दिल्ली में चल रहा था इलाज
परिजनों ने बताया कि करीब सात महीने पहले ही उनकी तैनाती सियाचीन में हुई थी. ड्यूटी के दौरान ही दीपक कुमार अस्वस्थ्य हो गए थे. उनके निधन का जैसे ही समाचार मिला पूरे क्षेत्र में शोक छा गया. तबियत बिगड़ने पर उनको आरआर अस्पताल दिल्ली में भर्ती किया गया था, जहां पर उनका उपचार चल रहा था. उनकी तबियत में सुधार नहीं हुआ और रविवार देर शाम उन्होंने अंतिम सांस ली.
जवान दीपक कुमार जेठी के परिवार में पत्नी रीना जेठी, पांच साल का बेटा काव्यांश, बूढ़ी मां और दो बड़े भाई हैं. पिता भवान सिंह का पहले निधन हो चुका है. दीपक कुमार जेठी का परिवार लखनऊ में रहता है. जवान दीपक का पार्थिव शरीर सड़क मार्ग से पैतृक गांव लाया जा रहा है. गांव में अंतिम दर्शन के बाद हंसेश्वर घाट पर सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा. उनके निधन की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है.



